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वैज्ञानिक

सुबीर सचदेव की जीवनी - Biography of Subir Sachdev in hindi jivani

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नाम : सुबीर सचदेव

जन्म दि. 2 दिसम्बर 1961

ठिकाण : नई दिल्ली

मुलगी : मेनका सचदेव

व्यावसाय: एक धनीभुत पदार्थ भौतिक विज्ञानी है |


प्रारंभिक जीवन :


        सुबीर सचदेव का जन्म 2 दिसंबर 1961 मे हुवा है | उनका जन्म नई दिल्ली मे हुवा है | उनके पत्नी का नाम उषा है | और बेटी का नाम मेनका सचदेव है | सचदेव ने सेंट बॉयज हाई स्कुल, बैंगलोर और केंद्रीय विघालय एएससी, बैंगलोर मे स्कूल मे पढाई की है | उन्हेांने एक वर्षे के लिए भारतीय प्रौघोगिकी संस्थान, दिल्ली मे कॉलेज मे भाग लिया था | उन्होंने मैसाचुसेटस इंस्टीटयूट ऑफ टेक्नोलॉजी मे स्थानांतरित कर लिया जहाँ उन्होंने भौतिक मे स्त्रातक किया था |


        सुबीर सचदेव ने अपनी पीएचडी हार्वर्ड विश्वाविदयालय से सैध्दांतिक भौतिकी मे पूरी की है | उन्होंने बोल लेश 1985:1987 तक और येल विश्वाविघलय 197:2005 मे पेशेवर पद संभाले है | जहां हार्वर्ड लौटने से पहले वह भौतिकी के प्रोफेसर थे | जहा अब वे भौतिकी के हर्केल स्मिथ प्रोफेसर है | 2014 मे यु एस नेशनल एकेडमी ऑफ साइंसेज के लिए चुने गए है | जस मे उन्हेांने प्रशस्ति पत्र मे लिखा हे कि एक क्वांटम चरण संस्कृमण के पास संघटित पदार्थ प्रणालियों के सिध्दांत मे मौलिक प्रगती की है | जिन्हेांने इस तरह के प्रणालियों मे परिमित तापमान और टी:4 पर दोनो मे समृध्दा और गतिशील व्यावहार को समृध्दा किया है |


कार्य :


        सुबीर सचदेव एक हार्वर्ड युनिवर्सिटी मे स्थिथ फिजिक्सा क प्रोफेसर है | संघटित मामलेमे विशेषज्ञता रखेते है | उनहें 2014 मे युएस नेशनल एकेडमी ऑफ साइंसेज के लिए चुना गया था | सचदेव के शोध मे आधुनिक क्वांटम सामग्रियो के भौतिक गुणों और कई कण तरंग तरंग मे क्वांटम उलझााव की प्रकृति के बिच संबंध का वर्णन कीया गया है | सचदेव ने क्वांटम पदार्थ के उलझो हुए रा्यों की विधि किस्मों के र्कान मे व्यापक योगदान दिया है |


        इनमे टोपोलॉजिकल ऑर्डर के साथ, उत्तेजना के साथ और बिना ऊर्जा अंतर के कैसपार्टिकल उत्तेजना के बिना और राजयों को शामिल किया गया है | इसमे से कई योगदानों का प्रयोगों से जोडा गया है | क्वांटम पदार्थ की महत्वापूर्ण और सामाजिक अवस्थाओं के सिध्दांत गेर फर्मी तरल और क्वांटम ब्लैक होल का एसवायके मॉडल के लिए जाना जाता है | उनका शोध इस रोजमर्स की दुनिया के बिच की सीमा को रोशन करने का प्रयास करना है |


शोध :


1) एंडटीफेरोमेग्नेटस के क्वांटम चरण|

2) क्वांटम आलोचना|

3) गेज सिध्दांतों की परिभाषा और विखडित जीवन की परिभाषा|

4) गेर फर्मी तरल और ब्लैक होक का एसवाय के मॉडल|

5) एक उर्जा अंतराल के साथ एक आयामी क्वांटम सिटाम|

6) क्वांटम अशुध्दियॉ|

7) अल्ट्राकोल्डा परमाणू|

8) धातू सामजियक आदेश के साथ|

9) क्वांटम महत्वापूर्ण परिवहन|

10) क्वांटम कणों के बिना क्वांटम पदार्थ|

11) उच्चा तापमान अनिचालक के चरण|


उपलब्धि :


1) 1982 मे लेरॉय अपकर अवार्ड|

2) 1989 मे स्लोन फैलोशिप|

3) 2003 मे गुगेनहाइम फेलोशिप|

4) 2015 मे डीरेक मेडल|

5) 2018 मे लार्स ऑनस्सर पूरस्कार |

6) 2018 मे डीरेक मेडल |