Advertisement
नाम : राघवेंद्र गउगकर
जन्म तिथी : 28 जून 1953
ठिकाण : कानपूर, भारत
व्यावसाय : प्रोफेसर, भारतीय विज्ञान संस्थान बैंगलोर
प्रारंभिक जीवनी :
राधवेंद्र गडगकर भारतीय विज्ञान संस्थान बैंगलोर मे, सेंटर फॉर इकोलॉजिकल साइंसेज के एक पूर्ण प्रोफेसर है | वह एक मॉडल के रुप मे स्थानीय रुप से सामान्या ततैया के रुप मे शेपलिडिया मर्जिन का उपयोग करके सामाजिक व्यावहार के विकास का अध्यायन करते है |
राघवेंद्र गडगकर का जन्म भारत मे उत्तरप्रेदश्ं राजया मे कानपूर मे 28 जून 1953 को हुआ है | उन्होंने बैंगलोर विश्वाविघ्यालय से आनर्स मे बीएससी और जुलॉजी मे एमएससी कि उपाधि प्रापता कि है | उन्हेांने भारतीय विज्ञान संस्थान बैंगलोर से मॉलीक्यूलार बायलॉजी मे पीएचडी कि उपाधि की है |
कार्य :
राघवेंद्र अपने कार्यकाल दौरान कई पदों पर कार्यरीत रहे है | वह सेंटर फॉर कंटेम्पररी स्टडीज आयआयएससी बेंगलोर के संस्थापक अध्याक्ष है | राघवेंद्र जवाहरलाल नेंहरु संटर फॉर एडवांस्ड साइंटिफिक रिसर्च और भारतीय विज्ञान शिक्षा और अनुसंधान संस्थान, कोलकत्ता मे मानद प्रोफेसर के रुप मे कार्यरित है | वह विसेनचैपस्कॉलीग जू बर्लिन के एक अनिवासी स्थायी साथी है |
राघवेंद्र भारतीय राष्ट्रीय विज्ञान अकादमी नई दिल्ली के इतिहास अनुसंधान परिषद के अध्याक्ष के रुप मे कार्यरित है | राघवेंद्र का युकोसिटी के विकास के क्षेत्र मे सबसे महत्वापूर्ण योगदान आश्वासनित फिटनेस रिटर्न का सिध्दांत है | जीसे अनुभवजन्या डेटा से सत्यापित किया गया है |
इस क्षेत्र मे एक महत्वापूर्ण मील का पत्थर के रुप मे माना जा सकता है | क्योंकि राघवेंन्द्र ने डब्ल्यूडी गिल्टन व्दारा किए गए सेमिनल काम मे 1964 पिछले तीन दशकों मे एक सक्रिय शोध समुहस्थापना कि है | जिसके व्दारा उन्होंने ततैया मे सामाजिक विकास के समिपवर्ती और अंतिम कारकों को समझाने मे योगदान दिया है |
सन 2004 मे गडगकर ने भारतीय विज्ञान संस्थान मे समकालीन अध्यायन केंद्र कि स्थापना का बीड उठाया है | सन 2006 मे गडगकर ने संयुक्ता राजया अमेरिका के राष्ट्रीय विज्ञान अकादमी के विदेशी सहयोगी के रुप मे भी कार्य किया है |
उपलब्धि :
सम्मान और पूरस्कार :
1) राघवेंद्र को सन 1993मे जैविक विज्ञान मे शाति स्वरुप भटनागर पूरस्कार प्राप्ता हुआ है |
2) सन 2013 मे क्रॉस ऑफ द ऑर्डर ऑफ मेरिट जर्मनी से पूरस्कार प्रापताकर्ता भी है |
पुस्तक/ग्रंथ :
1) 1997 मे प्रकाशित सौरविवल ट्रॅटेजीस|
2) सन 2001 मे प्रकाशित द सोशियल बालॉजी ऑफ रुपालीदिआ मार्जीन्टा|
3) सन 1997 सौरवीवल स्ट्रॅटजीस कोपरेशन एंड कॉन्फीक्ट इन ॲनीमल साइंटीस्टा|