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नाम : देबासीस मोहंती
जन्म तिथी : 30 नवंबर 1966 उम्र 53
ठिकाण : भारत
व्यावसाय : जीवविज्ञानी
प्रारंभिक जीवनी :
देबासीस मोहती का जन्म 30 नवंबर 1966 को भारत मे हुआ था | उन्होंने 1988 मे भारतीय प्रौघोगिकी संस्थान, कानपूर से भौतिकी मे स्त्रातकोत्तार उपाधि प्राप्ता कि थी | भारतीय आयूविज्ञान संस्थान कि आणविक बायोफिजिक्सा इकाई मे डॉक्टरेट कि पढाई कि थी | उन्होंने 1994 मे कम्प्यूटेशनल बायोफिजिक्सा मे पीएचडी कि उपाधि प्रापता कि थी | इसके बाद, उन्हेांने अपने पोस्टा डॉक्टोरल काम को पूरा किया था |
कार्य :
देबासीसा मोहंती एक भारतीय कम्प्यूटेशन जिवविज्ञानी है | और जैव विज्ञानी और नैशनल इंस्टीटयूट ऑफ इम्यूनोलॉजी भारत मे एक स्टाफ वैज्ञानिक है | उन्हें प्रोटीन, जीनोम विश्लेषण और बायोमोलेक्यूलर सिस्टाम के कंम्प्यूटर सिमूलेशन कि संरचना और कार्य भविष्यावाणी पर अपने अध्यायन के लिए जाना जाता है |
भारत लौटने पर वह नेशनल इंस्टीटयूट ऑफ इम्यूनोलॉजी इंडिया एनआईआई मे शामिल हो गए थे | जहां वे ग्रेड आयव्ही के स्टाफ वैज्ञानिक के रुप मे कार्य करते है | और अपनी प्रयोगशाला मेंबुई अनूसंधान विव्दानों कि मेजबानी करते है |
मोहती नई दिल्ली मे अरुण आसफ अली मार्ग् के साथ एनआईआई कैंपस मे रहते है | मोहंती का अनुसंधान ध्यान कम्प्यूटेशनल जीव विज्ञान और सूचना विज्ञान के क्षेत्र मे है | उनके काम जीनोम मे प्रोटीन नव अनूक्रमित जीनोम मे प्रोटीन इंटरैक्शन नेटवर्क के कार्य कि समझ को व्यापक बनाने मे सहायता कि है |
उनके अध्यायनों रिसर्चगेट, वैज्ञानिक लेखो के एक ऑनलाइन भंडार ने उनमे से 10 को सूचीबध्दा किया है | मोहंती 2006 मेभारत मे आयोजित जैव सूचना आयएनसीओ बी मे अंतर्राष्टीय सम्मेलन कि राष्ट्रीय आयोजन समिती के सदस्या थे | विभिन्ना संम्मेलनो मे आमंत्रित भाषण दिए जिसमे जैव प्रौधोगिकी के लिए क्षेत्रीय केंद्र के प्रोटीन और जीव विज्ञान पर संगोष्टी श्रूखंला शामिल थी |
पुरस्कार और सम्मान :
1) मोहंती को 2005 मे उडीसा बिग्यान अकादमी का सामंत चंद्रशेखर पूरस्कार मिला था |
2) 2007 मे कुरुक्षेत्र विश्वाविघ्यालय के जीवन विज्ञान मे राजीव गोयल युवा वैज्ञानिक पूरस्कार मिला था |
3) राष्ट्रीय विज्ञान अकादमी भारत ने उन्हें अगले वर्षे एक साथी के रुप मे सम्मानित किया |
4) भारत सरकार के जैव प्रौघोगिकी विभाग डीबीटी ने उन्हे कैरियर विकास के लिए राष्ट्रीय जैव विज्ञान पूरस्कार से सम्मानित किया था |
5) 2009 मे सर्वोच्चा भारतीय विज्ञान पूरस्कारों मे से एक है |
6) वह भारतीय विज्ञान अकादमी के एक निर्वोचित साथी बने 2012 मे |
7) 2013 मे भारतीय राष्ट्रीय विज्ञान अकादमी का निर्वोचित साथी थे |
पूस्तके :
1) अनुक्रम और MIRNA जैवजनन मे शामिल प्रोटीनों की संरचना आधारित विश्लेषण 2018|
2) दरार और क्रॉस लिंक कि भविष्यावाणी के आधार पर स्पिझ कि रासायनिक संरचनाओं को समझाने के लिए एक जैव सूचना विज्ञान संसाधन 2017|
3) सिथेटिक एंड सिस्टाम बायेाटेक्नोलॉजी|